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अमृतसर में 169 दिनों के बाद रेल पटरियों से उठे प्रदर्शनकारी किसान, दिल्ली से डायरेक्ट रूट पर फिर से चलने लगी ट्रेनें

अमृतसर पंजाब के अमृतसर में कृषि कानूनों के खिलाफ पिछले करीब साढ़े पांच महीनों से रेल की पटरियों पर बैठे किसानों ने अपना धरना समाप्त कर दिया है। किसानों ने गेहूं की फसल की कटाई के सीजन के मद्देनजर अपने आंदोलन को स्थगित करने का फैसला किया है। यहां बैठे किसान 169 दिनों के बाद धरने से उठे हैं। डेप्युटी कमिश्नर गुरप्रीत खेड़ा ने कहा, 'अमृतसर के जंडियाला गुरु रेलवे स्टेशन पर धरना खत्म हो गया है। पैसेंजर ट्रेन अब यहां चलने लगी हैं।' प्राप्त जानकारी के अनुसार ट्रेनों के रद्द होने से किसानों और व्यापारियों को नुकसान हो रहा था। किसानों के प्रदर्शन के मद्देनजर रेल विभाग की तरफ से कुछ ही गाड़ियां चलाई जा रही थीं। जंडियाला स्टेशन से किसानों का धरना स्थगित होने के बाद से अब दिल्ली से अमृतसर के बीच सीधी यातायात सेवा शुरू हो गई है। रूट खुलने से यात्रियों के साथ ही कुलियों को भी राहत मिली है। कुलियों के अनुसार बीते लंबे समय से उनका कामकाज ठप पड़ा था। किसानों ने अमृतसर में रेलवे ट्रैक भले ही खाली कर दिया हो लेकिन अभी भी वे दिल्ली की सीमाओं पर जमे हुए हैं। पिछले साल नवंबर के अंतिम सप्ताह से सिंघू, टिकरी, गाजीपुर बॉर्डर पर किसानों का प्रदर्शन अभी जारी है।

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