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हाथरस कांड: यूपी सरकार की गुहार, सुप्रीम कोर्ट करे सीबीआई जांच की निगरानी

नई दिल्‍ली/लखनऊ सुप्रीम कोर्ट में यूपी सरकार की ओर से दाखिल हलफनामे में कहा गया है कि हाथरस मामले में विक्टिम फैमिली और गवाहों को तीन स्तरीय का प्रटेक्शन दिया गया है। यूपी सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में हलफनामा दायर कर विक्टिम परिवार के सदस्यों को दी गई सुरक्षा का डीटेल पेश किया है। यूपी सरकार ने कहा कि सरकार गवाहों और विक्टिम परिवार की सुरक्षा के लिए प्रतिबद्ध है। अदालत को बताया गया कि यूपी सरकार ने गवाहों और विक्टिम परिवार को पुख्ता सुरक्षा प्रदान किए हैं और सरकार इसके लिए प्रतिबद्ध है कि गवाहों व विक्टिम परिवार को पुख्ता सुरक्षा दी जाए ताकि स्वतंत्र व निष्पक्ष छानबीन सुनिश्चित हो सके। राज्य सरकार ने सुप्रीम कोर्ट से गुहार लगाई है कि सीबीआई जांच की इजाजत दी जाए और खुद कोर्ट मामले की निगरानी करे और छानबीन समयबद्ध तरीके से हो पाए। अदालत के ये निर्देश सुप्रीम कोर्ट से ये भी गुहार लगाई गई कि सीबीआई को निर्देश दिया जाए कि वह हर 15 दिन में अपनी स्टेटस रिपोर्ट यूपी सरकार को दें ताकि डीजीपी यूपी इस कोर्ट को छानबीन के बारे में अवगत करा सकें। सुप्रीम कोर्ट ने 6 अक्टूबर को हाथरस कांड की सुनवाई के दौरान यूपी सरकार से कहा था कि वह कोर्ट को बताएं कि हाथरस कांड के गवाहों के प्रटेक्शन के लिए उन्होंने क्या कदम उठाए हैं। हाथरस में 19 साल की लड़की के साथ गैंगरेप का आरोप है, बाद में उसकी मौत हो गई थी। इस मामले में सुप्रीम कोर्ट में पीआईएल दाखिल कर कहा गया है कि मामले की जांच सीबीआई को ट्रांसफर किया जाए। यूपी सरकार की दलील यूपी सरकार की ओर से होम डिपार्टमेंट के स्पेशल सेक्रेटरी की ओर से पेश हलफनामा में कहा गया है कि विक्टिम के पैरेंट्स, उनके दो भाई, सिस्टर इन लॉ और दादी की सुरक्षा के लिए पर्याप्त संख्या में पुलिस फोर्स तैनात किए गए हैं। कोर्ट को बताया गया है कि तीन फोल्ड सुरक्षा प्रदान की गई है। साथ ही कहा गया है कि पीएसी के जवान लगाए गए हैं। साथ ही सिविल पुलिस भी सुरक्षा में लगे हैं इसके अलावा विक्टिम के घर के बाहर सीसीटीवी लगाए गए हैं ताकि सुरक्षा पर नजर रखी जा सके। विक्टिम के परिवार को मिली सुरक्षा विक्टिम के गांव के प्रवेश द्वार पर 8 पुलिस कर्मी तैनात हैं। इसमें इंस्पेक्टर भी शामिल हैं। विक्टिम के घर के पास आठ पुलिसवाले हैं। यहां भी इंस्पेक्टर रैंक के अधिकारी इन आठ पुलिसकर्मियों में शामिल हैं। साथ ही घर के प्रवेश द्वार पर दो सब इंस्पेक्टर तैनात किए गए हैं। घर के बाहर करीब 15 पीएसी जवान का कैंप है। इलाके के थाना इंचार्ज इंस्पेक्टर को इस पूरे इंतजाम का जिम्मा दिया गया है और वह उस पर नजर रख रहे हैं। कोर्ट के आदेश के मुताबिक विक्टिम परिवार से अडिशनल एसपी ने पूछा कि क्या उन्हें वकील की जरूरत है तब विक्टिम के भाई ने बताया कि सीमा कुशवाहा और राज रतन को उन्होंने अपना वकील नियुक्त किया है।

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