taaja khabar....पोखरण में एक और कामयाबी, मिसाइल 'हेलिना' का सफल परीक्षण.....अगले 10 साल में बाढ़ से 16000 मौतें, 47000 करोड़ की बर्बादी: एनडीएमए....बड़े प्लान पर काम कर रही भारतीय फौज, जानिए क्या होंगे बदलाव...शूटर दीपक कुमार ने सिल्वर पर किया कब्जा....शेयर बाजार की तेज शुरुआत, सेंसेक्स 155 और न‍िफ्टी 41 अंक बढ़कर खुला....राम मंदिर पर बोले केशव मौर्य- संसद में लाया जा सकता है कानून...'खालिस्तान की मांग करने वालों के दस्तावेजों की हो जांच, निकाला जाए देश से बाहर'....
कर्नाटक चुनाव: अहिंदा वोट बैंक में मोदी लगा पाएंगे सेंध? दलित 'नायकों' के बहाने सिद्धारमैया पर निशाना
बेंगलुरु प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी किसी भी चुनाव प्रचार अभियान में पूरे होमवर्क के साथ आते हैं। यही वजह है कि उनके हर संबोधन में विशिष्ट स्थानीयता का पुट दिखता है। छोटी-छोटी बातों से बड़ा निशाना मारने की उनकी शैली हर कैंपेन के दौरान दिखती है। कर्नाटक का चुनाव भी इससे अछूता नहीं है। राज्य में विधानसभा चुनाव का प्रचार अंतिम दौर में है। इन सबके बीच पीएम मोदी ने रविवार को हुई अलग-अलग चुनावी रैलियों में भाषण के जरिए ओबीसी (अन्य पिछड़ी जाति) कार्ड खेलते हुए कांग्रेस पर जोरदार हमला बोला। रविवार को कई चुनावी रैलियों के दौरान पीएम मोदी ने बार-बार कहा कि कांग्रेस एक ओबीसी नेता को केंद्र की सत्ता के शीर्ष पर नहीं रहने देना चाहती और यही वजह है कि अक्सर उन पर व्यक्तिगत हमले किए जाते हैं। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि पीएम मोदी ने ओबीसी कार्ड के बहाने सीधे तौर पर सीएम सिद्धारमैया के अहिंदा वोट बैंक में सेंध लगाने की कोशिश की है। माइनॉरिटीज, बैकवर्ड क्लासेज और दलितों को कन्नड़ में शॉर्ट फॉर्म के रूप में अहिंदा कहा जाता है। सिद्धारमैया के लिंगायत कार्ड के बाद दबाव में आई बीजेपी की तरफ से ऐसी रणनीति की पहले ही उम्मीद जताई जा रही थी। रविवार को चित्रदुर्ग में एक चुनावी रैली को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने टीपू जयंती के आयोजन को लेकर सीएम सिद्धारमैया को कठघरे में खड़ा किया। पीएम मोदी ने कहा, 'कांग्रेस का चरित्र देखिए कि जिसकी जयंती मनानी चाहिए, उसकी तो मनाते नहीं हैं। कांग्रेस के नेताओं को यह भी नहीं पता कि किसे याद रखना है और किसका उत्सव मनाना है। वीर मडकरी और ओनेक ओबव्वा जैसे नायकों को भुला दिया गया। कांग्रेस ने कर्नाटक के लोगों खास तौर पर चित्रदुर्ग के लोगों की भावनाओं के साथ खिलवाड़ किया है। वोटों की राजनीति करने के लिए वीर मडकरी नायक के बजाए कांग्रेस ने टीपू सुल्तान की जयंती मनाई।' 'दलित वीरों का हुआ अपमान' इस दौरान पीएम मोदी ने दलित कार्ड खेलते हुए एक दलित महिला ओनेक ओबव्वा की तारीफ की। ओबव्वा ने 1779 में टीपू सुल्तान के पिता हैदर अली के सैनिकों के आक्रमण का अकेले दम पर जमकर मुकाबला किया था। पीएम ने इस दौरान कांग्रेस पर तंज कसते हुए कहा कि जो पार्टी गरीबों का वेलफेयर नहीं कर सकती, उसका फेयरवेल कर देना चाहिए। कांग्रेस पार्टी न तो दिलवाली है और न ही दलितवाली, यह तो डीलवाली पार्टी है।' पीएम मोदी ने इस दौरान कहा, 'मैं दलित मां की कोख से पैदा हुई उस वीरांगना वीर मडकरी को नमन करता हूं, जिसने अक्रांताओं को मुंहतोड़ जवाब दिया था। साहस और शौर्य क्या होता है, यह हम उस दलित वीरांगना से सीख सकते हैं।' पीएम मोदी ने कहा कि यहां के सपूत अधुनिक कर्नाटक के निर्माता, कांग्रेस के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष और कर्नाटक के पूर्व सीएम एस. निजलिंगप्पा को अपमानित करने का कोई मौका कांग्रेस ने नहीं छोड़ा। मोदी ने कहा, 'निजलिंगप्पा का इतना ही अपराध था कि नेहरू की गलत नीतियों पर सवाल उठाया।' बता दें कि कर्नाटक में विधानसभा की 223 सीटों पर 12 मई को मतदान होगा। बीजेपी के उम्मीदवार के निधन की वजह से एक सीट पर मतदान टल गया है। 15 मई को वोटों की गिनती होगी।

Top News

http://www.hitwebcounter.com/