taaja khabar....पोखरण में एक और कामयाबी, मिसाइल 'हेलिना' का सफल परीक्षण.....अगले 10 साल में बाढ़ से 16000 मौतें, 47000 करोड़ की बर्बादी: एनडीएमए....बड़े प्लान पर काम कर रही भारतीय फौज, जानिए क्या होंगे बदलाव...शूटर दीपक कुमार ने सिल्वर पर किया कब्जा....शेयर बाजार की तेज शुरुआत, सेंसेक्स 155 और न‍िफ्टी 41 अंक बढ़कर खुला....राम मंदिर पर बोले केशव मौर्य- संसद में लाया जा सकता है कानून...'खालिस्तान की मांग करने वालों के दस्तावेजों की हो जांच, निकाला जाए देश से बाहर'....
- स्वास्थ्य विभाग ने की तैयारियां, आशा बहनें बनेंगी सारथी हनुमानगढ़। राज्य सरकार की अतिमहत्वाकांक्षी भामाशाह स्वास्थ्य बीमा योजना (बीएसबीवाई) की पॉलिसियां अब लाभार्थियों के घर तक पहुंचेगी। इससे लाभार्थियों को न केवल योजना की जानकारी मिलेगी, बल्कि वे पॉलिसी पत्र को हॉस्पीटल में भर्ती होने के दौरान दस्तावेज के तौर पर इस्तेमाल भी कर सकेंगे। चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग इस माह के आखिर तक मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे के हस्ताक्षर युक्त ये पॉलिसियां ढाणी, गांव, कस्बों व शहर में रहने वाले लाभार्थियों तक पहुंचाएगा। इसे लेकर विगत दिनों विभाग के मुखिया एनएचएम एमडी नवीन जैन ने आशा व आईईसी प्रभारियों को प्रशिक्षण देकर पॉलिसी वितरण की कमान सौंपी है, अब पॉलिसी पत्र मिलते ही आशा सहयोगिनियां इसे लेकर घर-घर दस्तक देंगी। भामाशाह स्वास्थ्य बीमा योजना के सीईओ एवं एनएचएम एमडी नवीन जैन ने बताया कि बीएसबीवाई के लक्षित लाभार्थियों को उपलब्ध इनडोर कैशलेस कवरेज के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से पॉलिसी पत्र घर-घर पहुंचाए जाएंगे। जिस पर बीमा कवर रिन्यू जानकारी, भामाशाह में सम्मिलित प्रत्येक सदस्य का नाम, पॉलिसी नंबर के साथ-साथ मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे का संदेश भी होगा। ये पॉलिसी पत्र आशा सहयोगिनी के जरिए व्यक्तिगत रूप से लाभार्थी परिवार तक पहुंचाए जाएंगे और बकायदा हर परिवार से पहुंच रसीद भी ली जाएगी ताकि कोई भी परिवार इससे वंचित न रहे। जहां आशा पद रिक्त है वहां संबंधित एएनएम या एलएचवी इन पत्रों का वितरण करेंगी। एमडी श्री जैन ने बताया कि जिला स्तर से लेकर ब्लॉक, सीएचसी, पीएचसी व आशा स्तर का वितरण समय निर्धारित कर सबकी जिम्मेदारी तय की गई है ताकि किसी भी स्तर पर लापरवाही न हो। इनकी रहेगी जिम्मेदारी सीएमएचओ डॉ. अरूण कुमार ने बताया कि जिलास्तर पर डीपीएम, आईईसी व आशा प्रभारी, ब्लॉक पर बीसीएमओ, बीपीएम व आशा फेसिलेटर, सीएचसी-पीएचसी स्तर पर चिकित्सा प्रभारी, एलएचवी व आशा सुपरवाइजर और इसके बाद एलएचवी, आशा सुपरवाइजर व आशा सहयोगिनियों की जिम्मेदारी तय की गई है। इसी तरह शहरी क्षेत्र में एनयूएचएम डीपीएम, शहरी पीएचसी प्रभारी अधिकारी, पब्लिक हेल्थ मैनेजर, एलएचवी व आशा सहयोगिनी की जिम्मेदारी रहेगी। उन्होंने कहा कि जिले में एनएफएसए (राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम) के तहत करीब पौने दो लाख लाभार्थी परिवार हैं, जिन्हें भामाशाह स्वास्थ्य बीमा पॉलिसी प्रदान की जाएगी।
हनुमानगढ़, 21 अगस्त। राज. अनु जाति, जनजाति वित्त एवं विकास सहकारी निगम लि. हनुमानगढ़ द्वारा अनुसूचित जाति, जनजाति, सफाई कर्मचारी वर्ग, अन्य पिछड़ा वर्ग एवं मुख्यमंत्राी की बजट घोषणा के तहत ऋण वितरण के लक्ष्यों की पूर्ति हेतु 31 अगस्त तक बढाई दी गई है। अनुजा निगम के परियोजना प्रबन्धक श्री बजरंगलाल मीणा ने बताया कि पूर्व में आवेदन की 10 अगस्त थी। अब इसे 31 अगस्त तक बढा दी गई है। उन्होने ऋण लेने के इच्छुुुुक पात्रा आवेदकों को कलैक्ट्रेट परिसर कमरा नम्बर 226 में स्थित निगम कार्यालय में निर्धारित तिथि आवेदन करने का आग्रह किया है।
हनुमानगढ़, 21 अगस्त। निरीक्षण, भ्रमण एंव रात्रि चौपाल का निरीक्षण कार्यक्रम 7 सितम्बर से प्रांरभ होगा। जिला कलक्टर श्री दिनेश चन्द जैन ने बताया कि निरीक्षण, भ्रमण एंव रात्रि चौपाल के दौरान 7 सितम्बर को संगरिया तहसील की ग्राम पंचायत भगतपुरा, 14 सितम्बर को हनुमानगढ तहसील की ग्राम पंचायत किशनपुरा दिखनादा, 20 सितम्बर को टिब्बी तहसील की ग्राम पंचायत डबलीकलां एवं 28 सितम्बर को रावतसर तहसील की धन्नासर ग्राम पंचायत में रात्रि चौपाल आयोजित की जाएगी। उन्होेंने रात्रि चौपाल संबंधित तैयारियों के लिए समस्त उपखण्डाधिकारियों को भी निर्देश दिए।
हनुमानगढ़, 21 अगस्त। बीस सूत्राी कार्यक्रम माह जुलाई 2018 तक की समीक्षा बैठक 24 अगस्त को प्रातः 10 बजे जिला कलक्टर सभाकक्ष में आयोजित की जाएगी। मुख्य आयोजना अधिकारी ने बताया कि बीस सूत्राी कार्यक्रम की माह जुलाई 2018 तक की समीक्षा हेतु द्वितीय स्तरीय मासिक बैठक 24 अगस्त शुक्रवार को आयोजित की जाएगी। उन्होंने जिला स्तरीय अधिकारियों को बैठक में अपने अपने विभाग से संबंधित नवीनतम प्रगति रिपोर्ट सहित उपस्थित होने हेतु कहा।
हनुमानगढ 21 अगस्त। सहकारिता, गोपालन एवं जिला प्रभारी मंत्राी श्री अजय सिंह 22 से 23 अगस्त दो दिवसीय यात्रा कार्यक्रम के तहत 22 अगस्त बुधवार को शाम 8 बजे जिले संगरिया तहसील के नुकेरा ग्राम पंचायत पहंुचकर रात्रि विश्राम नुकेरा में करेंगे। वे 23 अगस्त गुरूवार को प्रातः 10 बजे नुकेरा से प्रस्थान कर दोपहर 11 बजे हनुमानगढ जिला मुख्यालय पर जिलाधिकारियों के साथ मिटिंग करेंगे। श्री अजय सिंह 23 अगस्त को दोपहर बाद 1 बजे हनुमानगढ़ से जयपुर के लिए प्रस्थान करेंगे।
हनुमानगढ़। श्री शिक्षण समिति द्वारा स्वर्गीय श्रीदेवी छाजेड़ की पुण्य स्मृति में 32 वां मातृ वंदना समारोह श्रीदेवी महिला पॉलिटेक्निक प्रांगण में 24 अगस्त को होगा। इसमें दसवीं कक्षा में 93 प्रतिशत से उच्च अंक प्राप्त करने वाली 20 छात्राओं का सम्मान किया जायेगा। इस कार्यक्रम में सम्मानित होने वाली छात्राओं में राजकीय विद्यालय भिरानी की प्रतिभा शर्मा , झेदासर की सुनीता , फेफाना की ममता और रेणुबाला, नोहर की पल्लवी, सोनड़ी की ज्योतसना, हनुमानगढ़ जंक्शन की आरती, सरस्वती कन्या हनुमानगढ़ की भारती, अभिनव नोहर की वेदिका और रितिका, पल्लू की जयश्री , के आर संगरिया की रुचिका और पूनम, छानीबड़ी आर्या की मोनिका और गीतांजली नोहर की पूनम प्रकाश मॉडल पीलीबंगा की मानसी और प्रीति शामिल है। इसी समारोह में पॉलिटेक्निक परीक्षा में सर्वाधिक अंक लाने वाली कम्प्यूटर विज्ञानं की मनीषा, आर्किटेक्चर में कौशल्या इलेक्ट्रॉनिक्स की अल्पना और फैशन डिज़ाइन में बिंदु सिंगला को भी सम्मानित किया जावेगा। हर वर्ष की भांति इस बार भी शिक्षा,समाज सेवा और राज्य सेवा में उल्लेखनीय सेवाओं हेतु महिलाओ को मातृश्री श्रीदेवी सम्मान दिया जावेगा। शिक्षा क्षेत्र में हनुमानगढ़ की श्रीमती नीलम गौड़, राज्य सेवा में गंगानगर की कृषि अधिकारी श्रीमती प्रीति गर्ग और समाज सेवा में पीलीबंगा की तेरापंथ महिला मण्डल को सम्मानित किया जावेगा। श्री शिक्षण समिति के अध्यक्ष आर के जैन के अनुसार यह कार्यक्रम स्वर्गीया श्रीदेवी छाजेड़ नोहर की पुण्य स्मृति में विगत 31 वर्षो से किया जा रहा है। मात्रा वंदना समारोह का उद्देश्य मातृ शक्ति की वंदना करने और बालिकाओ की शिक्षा को प्रोत्साहन करना है।
बशीर कांग्रेस कार्यालय में भारत रत्न एवं पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी जी की जयंती पूर्व विधायक डॉक्टर परम नवदीप सिंह द्वारा पुष्पांजलि अर्पित कर उनका जन्म दिवस मनाया गया राजीव गांधी की जीवनी पर प्रकाश डाला और डॉक्टर परम नवदीप सिंह ने संबोधित करते हुए कहा कि उनके आदर्श मूल्य और लोगों के प्रति संपन्न हमारे लिए प्रेरणा है इस मौके पर टिब्बी ब्लॉक कांग्रेस कमेटी के पूर्व ब्लाक अध्यक्ष महावीर डब्बू पूनिया यूथ कांग्रेस के लोकसभा महासचिव सुदेश धारणिया पवन गोदारा सिलवाला सुखराज सिंह संधू सीपी बेनीवाल लक्ष्मण बेनीवाल रघुवीर सिंह खदा राजेंद्र पूनिया इंद्राज चालिया हरविंदर सिंह धारीवाल फुसाराम बुडानिया आदि मौजूद रहे
हनुमानगढ़। सोमवार को प्रातः 11 बजे स्वास्थ्य भवन में डॉक्टरों, अधिकारियों एवं कर्मचारियों को सद्भावना की प्रतिज्ञा दिलाई गई। सीएमएचओ डॉ. अरूण कुमार ने स्वास्थ्य भवन के सभी अधिकारियों-कर्मचारियों को प्रतिज्ञा दिलाई कि मैं जाति, सम्प्रदाय, क्षेत्र, धर्म अथवा भाषा का भेदभाव किए बिना भारतवासियों की भावनात्मक एकता और सद्भावना के लिए कार्य करूंगा एवं हिंसा का सहारा लिए सभी प्रकार के मतभेद को भुलाकर, बातचीत और संवैधानिक माध्यमों से सुलझाने हेतु प्रयास करूंगा। इसके उपरांत सीएमएचओ डॉ. अरूण कुमार ने स्वास्थ्य भवन के बाहर पीपल का पौधा लगाया और इसकी सार-सम्भाल की शपथ ली।
- डॉट्स के जरिए ठीक हो रहे रोगी - कोर्स बीच में छोडऩे से फिर पैदा होता है खतरा हनुमानगढ़। टीबी (क्षय) रोग अब लाइलाज नहीं रहा। हमारे देश में ऐसी दवाइयां बन चुकी हैं जिनसे टीबी रोग ठीक हो सकता है। इन दवाओं का कोर्स 6 से 9 महीने का होता है, लेकिन सामान्य तौर पर मरीज थोड़ा सा ठीक महसूस करने पर दवाओं का सेवन करना बंद कर देता। इससे टीबी के दोबारा होने का खतरा बढ़ जाता है। क्षय निवारण केन्द्र (डॉट्स) के जरिए टीबी के रोगियों को ठीक किया जाता है। इसके द्वारा कम समय में रोगी को पूरी तरह से इस रोग से मुक्ति दिलाई जा सकती है। यह विधि स्वास्थ्य संगठन द्वारा विश्व स्तर पर टीबी को नियंत्रण करने के लिए अपनाई गई एक विश्वसनीय विधि है, जिसमें रोगी को प्रतिदिन (डेली डॉट्स) उसके वजन के हिसाब से दवा का सेवन करवाया जाता है। हनुमानगढ़ स्थित क्षय निवारण केन्द्र में जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. रविशंकर शर्मा के निर्देशन में स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं की टीम कार्य कर रही है, जो टीबी रोगियों की खोज करने के साथ-साथ उनकी काउंसलिंग कर रही है। यह टीम टीबी रोग से घबराने वाले रोगियों को हिम्मत दे रही है। काउंसलिंग कर रोगियों एवं उनके परिजनों को इस रोग से छुटकारा दिलवाने की प्रेरणा भी दे रही है। डॉ. रविशंकर शर्मा प्रत्येक टीबी रोगी की जांच कर उन्हें उचित स्वास्थ्य उपचार देते है। उसी का प्रयास है कि जिले में कई टीबी रोगी आज इस रोग से मुक्ति पा चुके हैं। डॉ. शर्मा ने बताया कि डॉट्स पद्धति के अन्तर्गत सभी प्रकार के क्षय रोगियों को तीन समूह में बांटकर उनका इलाज किया जाता है। वर्ष 2020 तक संगरिया व रावतसर ब्लॉक को टीबी मुक्त करने के लिए प्रयास भी किए जा रहे हैं। नि:शुल्क दवाइयों और आर्थिक मदद ने दिलाई टीबी से निजात हनुमानगढ़ टाउन में रहने वाली 21 वर्षीय कुसुम बानो (परिवर्तित नाम) को पता ही नहीं था कि कब उन्हें टीबी हो गई। क्षय निवारण केन्द्र पर जांच करवाई, तो पता लगा कि उन्हें एमडीआर-टीबी है, जिसका इलाज काफी महंगा और लम्बा है। टीबी होने पर उनके पारिवारिक संबंध खराब होने लगे और उनका हौसला भी साथ छोडऩे लगा। उन्हें लगने लगा था कि अब मैं कभी सही हो पाउंगी या नहीं। बस हरदम यही चिंता सताती रहती थी। टीबी होने के बाद उन्हें कम सुनना, उल्टी आना, जी घबराना और दो बार खून की उल्टी आई, जिससें उनके परिजन काफी घबरा गए। कुसुम ने पहले 9 माह का द्वितीय केटेगरी का इलाज पूरा कर लिया था, लेकिन उनकी बीमारी सही नहीं हो रही थी। वे इतना निराश हो चुकी थी कि उनके पति उन्हें कई बार स्ट्रेचर पर हॉस्पिटल लेकर आते थे। उन्होंने बताया कि हनुमानगढ़ के क्षय निवारण केन्द्र में मुझे आपसी सहयोग व इलाज के लिए प्रोत्साहित किया जाता रहा, जिसकी वजह से मैं इलाज जारी रख पाई। डॉट्स केन्द्र से मिली नि:शुल्क दवाइयां व आर्थिक मदद मिलने से मुझे हिम्मत मिली और मैंने निरंतर दवा खाना जारी रखा। इसी का परिणाम है कि आज मैं बिल्कुल ठीक हूं। क्षय निवारण केन्द्र के स्टॉफ द्वारा दिया गया स्वास्थ्य उपचार व सहयोग से ही मुझे इस बीमारी से लडऩे की ताकत दी। पहले बाहर निकलने और घर वालों के साथ बैठने में भी डर लगने लगा था, लेकिन अब मैं बिना डरे कहीं भी आ-जा सकती हूं। दवाइयों का कोर्स पूरा करने की समझदारी दिखाना साबित हुआ फायदेमंद हनुमानगढ़ में रहने वाली 36 वर्षीय राजप्रीत (परिवर्तित नाम) के कंधों पर जिम्मेदारियों का इतना बोझ था, जिस कारण उन्हें बीमार होना भी एक परेशानी लगता था। उनके पति एक सड़क हादसे के कारण चलने-फिरने में असमर्थ हो गए थे। ऐसे में तबीयत खराब रहने पर जांच में उन्हें टीबी होने का पता लगा। घर पर पता चलते ही पूरा परिवार ही सहम गया। क्षय निवारण केन्द्र से जानकारी मिली कि इसका इलाज पूरी तरह से हो सकता है। परिवार की जिम्मेदारियों को निभाने के साथ-साथ टीबी का इलाज करने के लिए समय पर दवाइयां लेना भी जरूरी हो गया था। थोड़ा सा स्वास्थ्य सुधार होने पर सोचा कि दवाइयां छोड़ दूं, लेकिन पता लगा कि बीच में दवाइयां छोडऩे पर बीमारी अधिक बढ़ जाती है। अब दवा का पूरा कोर्स करने के बाद मैं बिलकुल सही हूं और अपने पति और बच्चों का सही से पालन-पोषण कर रही हूं।
हनुमानगढ़, 20 अगस्त। निरीक्षण, भ्रमण एंव रात्रि चौपाल का निरीक्षण कार्यक्रम 7 सितम्बर से प्रांरभ होगा। जिला कलक्टर श्री दिनेश चन्द जैन ने बताया कि निरीक्षण, भ्रमण एंव रात्रि चौपाल के दौरान 7 सितम्बर को संगरिया तहसील की ग्राम पंचायत भगतपुरा, 14 सितम्बर को हनुमानगढ तहसील की ग्राम पंचायत किशनपुरा दिखनादा, 20 सितम्बर को टिब्बी तहसील की ग्राम पंचायत डबलीकलां एवं 28 सितम्बर को रावतसर तहसील की धन्नासर ग्राम पंचायत में रात्रि चौपाल आयोजित की जाएगी। उन्होेंने रात्रि चौपाल संबंधित तैयारियों के लिए समस्त उपखण्डाधिकारियों को भी निर्देश दिए।

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